शाही बग्घी, विंटेज कार…घोड़े पर सवार होकर निकले किन्नर:कानपुर में 11KM तक नाचते-गाते शोभायात्रा निकाली; देखने वालों की लगी भीड़

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कानपुर की सड़कों पर मंगलवार को किन्नर अलग अंदाज में निकले। कोई विंटेज कार पर सवार था, तो कोई रथ और घोड़े पर। किन्नरों का यह अंदाज देखने के लिए सड़क के किनारे लोगों की भीड़ लग गई। यह आयोजन नौबस्ता-अर्रा के शकुंतला लॉन में अखिल भारतीय किन्नर महासभा ने किया। इसमें देश के अलग-अलग हिस्सों से 15 हजार से ज्यादा किन्नर शामिल होने पहुंचे। पिछले 4 दिन से रोजाना यह कार्यक्रम चल रहा है। इसी कड़ी में मंगलवार को शोभायात्रा निकाली गई। इसमें राजस्थानी ऊंट और शाही बग्घी भी शामिल रही। सबसे पहले किन्नर कर्रही के वैष्णो देवी मंदिर दर्शन करने पहुंचे। इसके बाद रथ, विटेंज कार और बग्घी से सड़क पर निकले तो ट्रैफिक थम-सा गया। इन्हें देखने के लिए सैकड़ों लोगों की भीड़ उमड़ी। किन्नरों की शोभायात्रा में हजारों किन्नर फैंसी ड्रेस के साथ शामिल हुए। 11 किमी लंबी यात्रा तय करने के बाद ये शोभायात्रा फिर से शकुंतला लॉन पहुंची। शोभायात्रा की 3 तस्वीरें देखिए… 11 विशेष बग्गियां बनीं आकर्षण का केंद्र
शोभायात्रा में सबसे आगे विंटेज कार में कार्यक्रम की आयोजिका काजल किरन के साथ विशेष कलश धारण किए किन्नर सवार थे। यह कलश किन्नर समाज की परंपराओं को धारण किए हुए थे। लोगों की सुख-समृद्धि की कामना कर रहे थे। वहीं पीछे 11 विशेष बग्गियां भी थीं, जिन पर बड़ी संख्या में देश भर से आए किन्नर सवार थे। राजस्थान, मध्यप्रदेश, बिहार, झारखंड, असम समेत विभिन्न राज्यों किन्नर कार्यक्रम में शामिल होने आए हैं। घोड़े-ऊंट पर सवार थे सजे-धजे किन्नर
विंटेज कार, विशेष बग्गियों के साथ ही घोड़े और ऊंट पर भी किन्नर समाज के लोग सवार थे। शोभायात्रा में शामिल किन्नरों के जेवर, कपड़े और पहनावा आकर्षण का केंद्र बना रहा। हर कोई शोभायात्रा के दौरान उन्हें निहार रहा था। देशभक्ति धुनों पर भी झूमे किन्नर
किन्नरों की शोभायात्रा जहां एक ओर भक्ति और आस्था का केंद्र बनी थी, वहीं इस दौरान जमकर देशभक्ति धुनें भी बजीं। इस पर किन्नर समाज के लोग झूमते नजर आए। किन्नरों ने लोगों को धर्म और आस्था से जुड़ने के साथ ही देश के प्रति समर्पित रहने का भी संदेश दिया। शोभायात्रा शकुंतला लॉन लौटने के बाद किन्नर समाज की विशेष पूजा-अर्चना शुरू हुई। आयोजकों ने बताया कि कुलदेवी की विशेष पूजा में समाज की सुख शांति और तरक्की की ईश्वर से कामना की जाती है। —————————- यह खबर भी पढ़िए… मौत से पहले मां ने बेटी संग बनाई थी REEL, फ्लैट में आग लगी तो छत से कूदी किड्स-जी डायरेक्टर ‘ये साल भी आखिर चला गया, इस साल ने गम भी दिए। कुछ अच्छी यादें जुड़ीं। ये नया साल आया है, जो यारों, बस खुशियां हमको दे जाए। न आंधी आए, न बारिश हो, ये गम के बादल ले जाए…।’ इस गाने के साथ रील पोस्ट करने के 12वें दिन लखनऊ में किड्स जी स्कूल की डायरेक्टर की मौत हो गई। पूरी खबर पढ़ें