नारनौल शहर के हुडा सेक्टर में हर साल बारिश के दौरान होने वाली जलभराव की समस्या से राहत दिलाने के लिए हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) ने मास्टर स्टॉर्म वाटर ड्रेनेज सिस्टम बनाने की योजना तैयार की है। करीब 1.20 करोड़ रुपए की लागत से बनने वाली इस परियोजना के तहत सेक्टर में वर्षा के पानी की निकासी के लिए पुख्ता व्यवस्था की जाएगी। बारिश के दिनों में हुडा सेक्टर की हालत सबसे ज्यादा खराब हो जाती है। पार्कों में पानी भरकर तालाब जैसा दृश्य बन जाता है और कई घरों के बेसमेंट में पानी भरने से लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है। कई बार यह पानी कई-कई दिनों तक सूखता नहीं, जिससे आवाजाही भी प्रभावित होती है। अब एचएसवीपी की नई योजना से इस समस्या के स्थायी समाधान की उम्मीद जगी है। नूनी गांव के मोड से डलेगी पाइप योजना के तहत सेक्टर के प्लॉट नंबर-1 स्थित नूनी गांव के मोड़ से कृष्णावती नदी तक डिस्पोजल लाइन विकसित की जाएगी। इसके लिए करीब डेढ़ किलोमीटर लंबी आरसीसी पाइपलाइन बिछाई जाएगी, जिससे सेक्टर में जमा होने वाला वर्षा का पानी सीधे कृष्णावती नदी में पहुंच सकेगा और बीच में कहीं रुकने की समस्या नहीं होगी। आज खोले जाएंगे टेंडर एचएसवीपी के कनिष्ठ अभियंता दिनेश लांबा ने बताया कि इस प्रोजेक्ट को पूरा करने के लिए 180 दिन का लक्ष्य तय किया गया है। 10 अप्रैल को टेंडर खोले जाएंगे, जिसके बाद निर्माण कार्य शुरू किया जाएगा। खत्म हो जाएगी जलभराव की समस्या विभाग के अधिकारियों का कहना है कि मास्टर ड्रेनेज सिस्टम बनने के बाद सेक्टर में जलभराव की समस्या काफी हद तक खत्म हो जाएगी और बारिश के मौसम में लोगों को राहत मिलेगी। एचएसवीपी के एक्सईएन अमित राठी ने बताया कि सेक्टर में जलभराव की समस्या को देखते हुए यह योजना तैयार की गई है। इसके तहत नूनी गांव के मोड़ से कृष्णावती नदी तक पाइपलाइन डालकर पूरे सेक्टर का पानी एक दिशा में निकाला जाएगा, जिससे बारिश के दिनों में जलभराव की समस्या कम होगी।
नारनौल में हुडा सेक्टर में जलभराव से राहत की तैयारी:1.20 करोड़ से बनेगा मास्टर स्टॉर्म वाटर ड्रेनेज सिस्टम, आज खुलेंगे टेंडर
