उन्होंने बताया कि आपदाओं से बचाव का सबसे प्रभावी तरीका है,जागरूकता और तत्परता। कार्यक्रम के दौरान भूकंप के समय झुको, ढको और पकड़ो तथा आग लगने की स्थिति में रुको, झुको और लुढ़को जैसी तकनीकों का प्रदर्शन भी किया गया। साथ ही लोगों से आग्रह किया गया कि भवन निर्माण से पूर्व योग्य वास्तुकार से परामर्श लेकर ही भूकंपरोधी निर्माण सामग्री का प्रयोग करें, जिससे संभावित नुकसान को न्यूनतम किया जा सके।
ग्राम पंचायत पंजाई में आयोजित कार्यक्रम में उपप्रधान कर्म सिंह, प्रधानाचार्य सोम राज, अध्यापकगण एवं विद्यालय के छात्र उपस्थित रहे। वहीं थाट्टा में आयोजित कार्यक्रम में ग्राम पंचायत प्रधान पिंकी देवी, प्रधानाचार्य धर्म सिंह, शिक्षक वर्ग एवं स्थानीय लोग बड़ी संख्या में शामिल हुए।
