नशा करने वाले व्यक्ति का ध्यान अपराध की तरफ बढ़ता है। युवाओं को नशे की गर्त से बचाने के लिए हरियाण पुलिस लगातार प्रयासरत है। पुलिस स्कूल, कॉलेज, फैक्ट्री, गांव व कॉलोनियों में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित कर आमजन व विद्यार्थियों को नशे के खिलाफ जागरूक कर रही है।
इस दौरान पुलिस टीम ने छात्रों को नशे के सेवन से होने वाले मानसिक, शारीरिक और सामाजिक नुकसान के बारे में विस्तार से बताया कि किस प्रकार नशा करने से व्यक्ति का स्वास्थ्य तो बिगड़ता ही है, साथ ही उसका सामाजिक जीवन, शिक्षा और भविष्य भी प्रभावित होता है।
युवाओं को नशे की ओर आकर्षित करने वाले कई कारक होते हैं, जैसे दबाव, गलत संगत या जिज्ञासा। जागरूकता और आत्म-नियंत्रण ही इससे बचने का सबसे कारगर तरीका है। इस दौरान छात्रों को शपथ दिलाई गई कि वे स्वयं नशे से दूर रहेंगे और दूसरों को भी इसके खिलाफ जागरूक करेंगे।
