रेफ्रिजरेशन एंड एयरकंडीशनिंग का कौशल विकास केंद्र स्थापित होने से हजारों युवाओं के लिए रोजगार के अवसर पैदा होंगे।
चेयरमैन कंवलजीत सिंह जावा ने कहा कि एयरकंडीशनिंग के फील्ड में रोजगार के अवसर दिनो-दिन बढ़ रहे हैं। पूरे विश्व में ट्रेंड कर्मियों की आवश्यकता है। इस क्षेत्र के युवाओं को रोजगार के अधिक से अधिक अवसर मिलें, इसी उद्देश्य से रेफ्रिजरेशन एंड एयरकंडीशनिंग
का यह अत्याधुनिक कौशल विकास केंद्र स्थापित किया जा रहा है।प्रोफेसर दिनेश कुमार ने कहा कि रोजगार की दृष्टि से रेफ्रिजरेशन एंड एयरकंडीशनिंग के क्षेत्र में निरंतर वृद्धि हो रही है। डाइकिन इंडिया एयरकंडीशनिंग की विश्वस्तरीय मशीनें इस केंद्र में स्थापित करेगी।
युवाओं के लिए आवश्यकता के अनुसार शॉर्ट टर्म कोर्स शुरू किए जाएंगे, ताकि वो कम समय में सीधे इस क्षेत्र में रोजगार के साथ जुड़ सकें। इसके अलावा रेफ्रिजरेशन एंड एयरकंडीशनिंग में बी. वॉक प्रोग्राम शुरू कर दिया गया है। स्किल डिपार्टमेंट ऑफ ग्रीन टेक्नोलॉजी के चेयरपर्सन डॉ. सुनील कुमार गर्ग ने बताया कि ग्रीन एनर्जी के समावेश से रेफ्रिजरेशन एंड एयरकंडीशनिंग के क्षेत्र में तकनीकी कौशल की आवश्यकता बढ़ी है। इस दृष्टि से यह कौशल विकास केंद्र युवाओं को इस क्षेत्र में रोजगार के लिए तैयार करने में बहुत महत्वपूर्ण साबित होगा। श्री विश्वकर्मा कौशल विश्वविद्यालय के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के निदेशक डॉ. मनी कंवर सिंह ने बताया कि इस कौशल विकास केंद्र के लिए स्थान चिह्नित कर लिया गया है। इस अवसर पर डाइकिन इंडिया की ओर से एपीएस गांधी भी उपस्थित थे।
