यह आदेश न्यायमूर्ति अरिंदम सिन्हा एवं न्यायमूर्ति सत्यवीर सिंह की खंडपीठ ने वरिष्ठ अधिवक्ता शशि नंदन को सुनकर दिया है। डीएम मुरादाबाद ने सपा जिलाध्यक्ष को कार्यालय खाली करने के लिए नोटिस दिया था, जिसे हाईकोर्ट में चुनौती दी गई है।
राज्य सरकार ने यह कार्यालय वर्ष 1994 में सपा के तत्कालीन अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव को 250 रुपये प्रतिमाह किराये पर आवंटित किया था। राज्य सरकार ने इस वर्ष अगस्त में यह आवंटन रद्द कर दिया। डीएम ने सपा जिलाध्यक्ष को नोटिस जारी कर एक सप्ताह में कार्यालय खाली करने को कहा है।
प्रशासन का कहना है कि आवंटन में किसी प्रकार की शर्तों का पालन नहीं किया गया और किराया बेहद कम है। राज्य सरकार को अपनी आवश्यकता के लिए भवन की जरूरत है। कोर्ट ने सुनवाई के बाद मौके पर यथास्थिति कायम रखने का निर्देश दिया है।
