Angel Chakma News: देहरादून में नस्लीय भेदभाव में मारे गए 24 वर्षीय MBA छात्र एंजेल चकमा की मौत ने पूरे देश को झकझोर दिया है. बाजार सब्जी लेने गए एंजेल को नस्लीय गालियों का विरोध करना उसकी जान पर भारी पड़ गया. पिता तरुण प्रसाद चकमा ने बताया कि पुलिस ने समय पर मदद नहीं की, जिससे उनका बेटा बच नहीं सका. घटना ने पूर्वोत्तर के छात्रों और संगठनों में आक्रोश पैदा कर दिया है और देशभर में न्याय की मांग जोर पकड़ रही है.
‘मेरा बेटा सिर्फ सब्जी लेने गया था…’, एंजेल चकमा के पिता का छलका दर्द
