इस दौरान विधायक ने अधिकारियों और कर्मचारियों से केंद्र के संचालन इससे संबंधित कठिनाइयों की जानकारी ली। उन्होंने सभी कमरों का निरीक्षण कर चल रहे कार्यों और सेवाओं का अवलोकन किया और केंद्र की स्थिति और सुविधाओं के आभाव पर चिंता जताई।
इस अवसर पर विधायक पूर्णिमा साहू ने कहा कि यह केंद्र समाज के सबसे संवेदनशील वर्ग महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा और सम्मान से जुड़ा हुआ है। उन्होंने जिला प्रशासन और राज्य सरकार से तत्काल लिफ्ट लगाने या वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की।
विधायक पूर्णिमा साहू ने यह भी कहा कि केंद्र की जानकारी जमीनी स्तर तक नहीं पहुंच पा रही है, जिसके कारण कई पीड़ित महिलाएं सहायता से वंचित रह जाती हैं। उन्होंने जिला प्रशासन और राज्य सरकार से विज्ञापन एवं जनजागरूकता अभियान चलाने की मांग की ताकि हर महिला और बच्चा सखी वन स्टॉप सेंटर तथा हेल्पलाइन सेवाओं के प्रति जागरूक हो सके।
विधायक ने नागरिकों से अपील किया कि यदि किसी महिला या बच्चे को किसी भी प्रकार की हिंसा, शोषण या संकट की स्थिति का सामना करना पड़े, तो तुरंत टॉल फ्री महिला हेल्पलाइन नंबर 181 एवं चाइल्ड हेल्पलाइन नंबर 1098 पर कॉल कर सहायता प्राप्त करें।
