सोनीपत जिले में प्राइवेट बस संचालकों की मनमानी से कॉलेज, यूनिवर्सिटी और आईटीआई में पढ़ने वाले छात्रों की परेशानियां लगातार बढ़ती जा रही हैं। ताजा मामला खरखौदा क्षेत्र से सामने आया है, जहां गांवों से रोहतक स्थित महर्षि दयानंद यूनिवर्सिटी (एमडीयू) जाने वाली छात्राओं के साथ प्राइवेट बस संचालकों द्वारा बदतमीजी, अपमानजनक भाषा और बीच रास्ते उतारने की धमकी देने के आरोप लगे हैं। छात्राओं ने अधिकारियों से लेकर मंत्रियों तक शिकायतें दीं, ऑनलाइन मेल किए, लेकिन समाधान न मिलने पर अब वीडियो वायरल कर न्याय की गुहार लगाई है।
खरखौदा से एमडीयू जाने वाली छात्राएं परेशान
खरखौदा के आसपास के गांवों से प्रतिदिन 30 से 40 छात्राएं रोहतक स्थित एमडीयू यूनिवर्सिटी में पढ़ने के लिए जाती हैं। यूनिवर्सिटी की ओर से छात्र-छात्राओं को जीरो कॉस्ट पास जारी किए गए हैं, लेकिन प्राइवेट बस संचालक इन पासों को मानने से इनकार कर रहे हैं। पास होने के बावजूद बदतमीजी और धमकी
छात्राओं का आरोप है कि प्राइवेट बसों में पास दिखाने पर उन्हें सरेआम बेइज्जत किया जाता है और बीच रास्ते उतारने की धमकी दी जाती है। बस कंडक्टरों का कहना होता है कि प्राइवेट बसों में कोई भी पास मान्य नहीं है।
तीन महीने पहले डायल 112 तक पहुंचा मामला
करीब तीन महीने पहले एक स्टूडेंट को रास्ते में उतारने की धमकी दिए जाने पर बीए सेकेंड ईयर की स्टूडेंट मेघा ने डायल 112 पर कॉल कर पुलिस को सूचना दी थी। मौके पर पहुंची पुलिस के सामने ड्राइवर और कंडक्टर ने माफी मांगी थी, लेकिन उसके बाद भी व्यवहार में कोई सुधार नहीं हुआ। दो साल से झेल रही हैं छात्राएं परेशानी
स्टूडेंट मेघा का कहना है कि पिछले दो सालों से छात्राएं इसी तरह की बदतमीजी और धमकियों का सामना कर रही हैं। कई बार परीक्षा के समय पर पहुंचने के लिए उन्हें पास होने के बावजूद किराया देकर सफर करना पड़ता है।
अधिकारियों से लेकर मंत्रियों तक की शिकायतें बेअसर
मेघा ने बताया कि उन्होंने रोहतक डीसी, जीएम, आरटीओ, सोनीपत जीएम, खरखौदा एसडीएम और यहां तक कि मंत्री अनिल विज तक को लिखित और ऑनलाइन शिकायतें भेजीं, लेकिन कहीं से भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। वीडियो वायरल कर मांगी कार्रवाई
कहीं सुनवाई न होने पर मेघा ने खुद वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल किए। वायरल वीडियो में कंडक्टर पास मानने से इनकार करता और छात्रा को नीचे उतारने की धमकी देता नजर आ रहा है। दोनों वीडियो 25 नवंबर और 1 दिसंबर की बताई जा रही हैं।
एसडीएम को दी गई लिखित शिकायत का विवरण
24 दिसंबर 2025 को खरखौदा एसडीएम को दी गई शिकायत में मेघा के पिता वीरेंद्र कुमार ने बताया कि उनकी बेटी रोजाना एमडीयू जाती है। रोडवेज बस न होने के कारण उसे प्राइवेट बस में सफर करना पड़ता है, जहां बस नंबर HR 46F 8039 के कंडक्टर ने पास मानने से इनकार कर बदतमीजी की।
शिकायत में HR46-G-9195 और HR46-F-8453 नंबर की बसों के ड्राइवर-कंडक्टरों पर भी मनमानी और दुर्व्यवहार के आरोप लगाए गए हैं। पिता का कहना है कि इन घटनाओं से उनकी बेटी खुद को असुरक्षित महसूस कर रही है। वायरल वीडियो में क्या कह रहा है कंडक्टर
एक वीडियो में कंडक्टर साफ तौर पर कहता दिख रहा है कि पास नहीं चलेगा और किराया मांगा जा रहा है। दूसरी वीडियो में कंडक्टर स्टूडेंट से पास जमा करने को कहता है और विरोध करने पर अपमानजनक भाषा का प्रयोग करता है।
ओवरलोड बसें और सीट को लेकर भेदभाव
छात्राओं का कहना है कि प्राइवेट बसें पहले ही ओवरलोड रहती हैं। सीट खाली होने के बावजूद उन्हें बैठने नहीं दिया जाता और कहा जाता है कि सीट सिर्फ पैसे देने वाली सवारी के लिए है, फ्री में बैठाने की जगह नहीं है।
लगातार शिकायतों और वीडियो वायरल होने के बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई सामने नहीं आई है। इससे प्रशासन की कार्यशैली पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
एसडीएम का बयान
खरखौदा एसडीएम निर्मल नगर का कहना है कि संबंधित बस रोहतक डिपो की थी और उसके खिलाफ चालान की कार्रवाई की गई है। बदतमीजी की वीडियो सामने आने पर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि इस विषय को लेकर प्राइवेट बस एसोसिएशन का मामला हाईकोर्ट में विचाराधीन है, जिसका फैसला आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
सोनीपत छात्रा से प्राइवेट बस कंडक्टरों की बदतमीजी:पास मानने से इनकार, वीडियो वायरल; बस में किया जाता है बेइज्जत, रास्ते में उतारने की धमकी
