मंत्री की बेइज्जती, गुस्से में अफसर को कहा- नालायक, बदमाश:सीएम की ‘डॉक्टरी’ पर कांग्रेस नेता की भूल; भाजपा कार्यकर्ता ने ‘भाजपा मुर्दाबाद’ नारे लगाए

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मध्य प्रदेश की राजनीति, नौकरशाही और अन्य घटनाओं पर चुटीली और खरी बात का वीडियो (VIDEO) देखने के लिए ऊपर क्लिक करें। इन खबरों को आप पढ़ भी सकते हैं। ‘बात खरी है’ मंगलवार से रविवार तक हर सुबह 6 बजे से दैनिक भास्कर एप पर मिलेगा। अधिकारी नहीं आए तो भड़क गए मंत्री
मध्य प्रदेश की मोहन यादव सरकार में कैबिनेट मंत्री नारायण सिंह कुशवाह एक बार फिर गुस्से में नजर आए। वे ग्वालियर में एक सड़क के भूमिपूजन कार्यक्रम में पहुंचे थे, लेकिन वहां कोई अधिकारी मौजूद नहीं था। यह देख मंत्री भड़क गए। मंत्री ने इसे अपनी बेइज्जती बताया। उन्होंने नगर निगम कमिश्नर को फोन लगाकर नाराजगी जताई। मंत्री ने कहा- एक मंत्री स्तर का व्यक्ति यहां बैठा है और कोई अधिकारी मौजूद नहीं है, यह सीधी बेइज्जती है। उन्होंने आगे कहा- यह क्या मजाक है? यहां सिर्फ पंप ऑपरेटर खड़ा है। जोनल ऑफिसर को तुरंत हटाइए। उन्होंने जोनल ऑफिसर को नालायक और बदमाश कहा। मंत्री के फोन के बाद नगर निगम आयुक्त ने जोनल अधिकारी सौरभ शाक्य को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। हालांकि कार्रवाई हो गई, लेकिन लोग इस पर तंज कस रहे हैं। उनका कहना है कि जब भाजपा सरकार में मंत्रियों की यह स्थिति है, तो आम आदमी की क्या हालत होगी। कांग्रेस नेता की ‘डॉक्टरी’ पर नादानी
राजगढ़ में कांग्रेस नेता और जिला पंचायत अध्यक्ष चंदर सिंह सौंधिया का बयान अब चर्चा में है। सरकार पर निशाना साधते हुए वे ऐसी टिप्पणी कर बैठे, जिस पर अब उन्हें ट्रोल किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री मोहन यादव अपने नाम के आगे ‘डॉ.’ लगाते हैं। क्या उन्होंने कभी किसी को इंजेक्शन लगाया है या किसी का बुखार उतारा है? क्या उन्होंने किसी को दवा दी है? उन्होंने आगे प्रभारी मंत्री गौतम टेटवाल पर भी तंज कसते हुए कहा- इन्होंने कभी भैंस को भी इंजेक्शन नहीं लगाया, पेट दर्द की गोली नहीं दी, फिर काहे के डॉक्टर? अब लोग उनके बयान पर नसीहत दे रहे हैं। उनका कहना है कि हर ‘डॉक्टर’ मेडिकल डॉक्टर नहीं होता। सीएम मोहन यादव पीएचडी धारक हैं, और पीएचडी करने वाले भी अपने नाम के आगे ‘डॉ.’ लगाते हैं। खरी बात यह है कि या तो नेता जी को पूरी जानकारी नहीं है, या फिर वे जनता को अज्ञानी समझ रहे हैं। लेकिन यह पब्लिक है, सब जानती है। अपनी ही पार्टी के खिलाफ मुर्दाबाद के नारे
इंदौर में भाजपा कार्यकर्ताओं से एक अजीब चूक हो गई। उन्होंने अपनी ही पार्टी के खिलाफ ‘मुर्दाबाद’ के नारे लगा दिए, जिसका वीडियो सामने आया है। दरअसल, नगर निगम में हुए ‘वंदे मातरम’ विवाद को लेकर भाजपा कार्यकर्ता कांग्रेस का पुतला फूंक रहे थे। इसी दौरान नारेबाजी चल रही थी। तभी किसी ने नारा लगाया- भारतीय जनता पार्टी, और जवाब में कुछ लोगों ने मुर्दाबाद बोल दिया। हालांकि तुरंत ही कार्यकर्ताओं को अपनी गलती का अहसास हो गया। वे हंस पड़े और नारेबाजी रोक दी। लेकिन उनकी ये भूल कैमरे में कैद हो चुकी थी। इसका वीडियो सामने आने पर अब पार्टी की किरकिरी हो रही है। सांसद की सादगी या पब्लिसिटी स्टंट?
सीधी से भाजपा सांसद डॉ. राजेश मिश्रा एक बार फिर चर्चा में हैं। एक वीडियो में वे सड़क किनारे बाल कटवाते नजर आ रहे हैं। बताया जा रहा है कि वे मॉर्निंग वॉक पर निकले थे और इसी दौरान एक दुकान पर रुककर बाल कटवाए। इसके अलावा, एक गांव दौरे के दौरान उन्होंने ग्रामीणों के साथ मिलकर महुआ भी बीन लिया। अब इन दोनों वीडियो को लेकर लोग अलग-अलग प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं। कुछ इसे सांसद की सादगी बता रहे हैं, तो कुछ इसे पब्लिसिटी स्टंट कह रहे हैं। इनपुट सहयोग – कपिल राठौर (इंदौर), रामेंद्र परिहार (ग्वालियर), मनीष सोनी (राजगढ़), मनोज शुक्ला (सीधी) ये भी पढ़ें –
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