हरियाणा के 3 नगर निगम का चुनाव वार्डबंदी में गलत पैटर्न अपनाने के कारण अब करीब 3 माह के लिए लटक गया है। कोर्ट ने फिर से वार्ड आरक्षण की प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दिए हैं। जिसके कारण वार्डबंदी कार्य भी नए सिरे से होगा। प्रदेश के अंबाला, पंचकूला व सोनीपत नगर निगम में चुनाव को लेकर हरियाणा सरकार ने वार्डबंदी का कार्य करवाया। जिसमें अनुसूचित जाति की सीटों को कम कर दिया गया। बताया गया कि एससी वोटर की संख्या इन शहरों में कम हो गई है। जिसके खिलाफ कांग्रेस के पूर्व पार्षद उषा रानी, कांग्रेस नेता नरेश रावल, पंकज बाल्मीकि, गुरमेल कौर, संदीप सोही परमजीत कौर एवं सलीम दबकोरी ने अपने वकील रविंद्र रावल के जरिए हाईकोर्ट में याचिका दायर की। अब जानिए कोर्ट में दोनों पक्षों के तर्क व फैसला… 4 पाइंट में समझिए कैसे चला पूरा घटनाक्रम और आगे क्या…
हरियाणा नगर निगम चुनाव अब 3 महीने के लिए लटका:हाईकोर्ट के फैसले ने बदली स्थिति, वार्डबंदी और आरक्षण पर गलत पैटर्न बना वजह
