उद्यमियों ने अपनी-अपनी समस्याओं से अवगत कराया, वहीं बैंकर्स द्वारा दस्तावेज सही एवं पूर्ण रहने पर ऋण प्रकरण के आवेदनों के निराकरण का आश्वासन दिया गया। वर्ष 2025-26 में पीएमईजीपी अंतर्गत 38 आवेदन बैंक प्रेषित किए गए हैं। जिनमें से बैंक शाखाओं द्वारा 4 हितग्राहियों को लाभान्वित किया गया। इसी तरह, पीएमएफएमई योजना में भी 13 आवेदन बैंक भेजे गए हैं, उनमें 4 हितग्राही लाभान्वित हुए हैं। कार्यशाला में अग्रणी बैंक प्रबंधक जीडब्ल्यू तिर्की सहित भारतीय स्टेट बैंक, बैंक ऑफ बड़ौदा, छत्तीसगढ़ ग्रामीण बैंक के अधिकारी, संचालक आरसेटी, खादी ग्रामोद्योग बोर्ड के अधिकारी और उद्योग विभाग के मुख्य महाप्रबंधक अजित सुंदर बिलुंग तथा बड़ी संख्या में उद्यमी उपस्थित हुए।
बैंकर्स-इन्वेस्टर मीट में उद्यमियों को मिला मार्गदर्शन
