Hoplo Insect Dehradun Forest : कालसी रेंज में 5 हजार और मसूरी में 3 हजार पेड़ों पर इन कीटों का खतरा मंडरा रहा है. इन रेंजों में साल के जंगलों की हिस्सेदारी 70 प्रतिशत तक होने के चलते यह पारिस्थितिक तंत्र के लिए बड़ा खतरा है. अगर इनका ट्रीटमेंट नहीं किया गया तो यह उत्तराखंड के जंगलों को दीमक की तरह खा जायेंगे. साल के पेड़ों पर बढ़ते हुए खतरे को देखकर वन विभाग ने ‘कंटेनमेंट फेलिंग’ की प्रक्रिया तेज कर दी है. इसके तहत बुरी तरह संक्रमित पेड़ों को चयनित कर जंगल से बाहर किया जा रहा है. यह कीट इतना खतरनाक है कि 5 साल बाद इन पेड़ों का नामोनिशान मिट जाएगा.
Dehradun News : उत्तराखंड के जंगलों पर ये कैसी आफत, घातक कीट का हमला, काटने ही पड़ेंगे पेड़
