थाना प्रभारी अजय साहू ने सभा को संबोधित करते हुए कहा कि, हम सभी ने स्कूल में पढ़ा है वंडर ऑफ साइंस के बारे में। पहले एक जगह से दूसरे जगह तक सूचना पहुंचने में चिट्ठी का मदद लिया जाता था, जिसमें हफ्तों का समय लग जाता था। आपातकाल में सूचना पहुंचाने में काफी समस्या होती थी लेकिन आज साइंस इतना आगे बढ़ गया है कि अब बस एक कॉल के माध्यम से चंद सेकंड में सूचना एक जगह से दूसरे जगह तक पहुंच जाता है। जैसे हर सिक्के के दो पहलू होते है वैसे ही साइंस के भी गुण और दोष भी है।
रामानुजगंज थाना प्रभारी अजय साहू ने बताया कि, जैसे जैसे साइनस विकसित हो रहा है वैसे ही इसका दुष्प्रयोग भी किया जा रहा है। साइबर ठग आम लोगों को अपनी बातों में उलझाकर ठगी का शिकार बनाते है। फिर वो चाहे एपीके के माध्यम से, डिजिटल अरेस्ट के माध्यम से यह फिर फिशिंग लिंक के माध्यम से आपके मोबाइल को हैक किया जाता है। साइबर ठग मोबाइल फोन को हैक कर आपके खाते से पैसे उड़ा ले जाते है।
उन्होंने कहा, साइबर क्राइम से बचने के लिए इन सभी बातों का ध्यान रखना जरूरी है। कोई भी लिंक को क्लिक न करें और अपनी निजी जानकारी किसी को साझा न करें। यदि आपके साथ साइबर फ्रॉड हो तो इसका कंप्लेन जल्द से जल्द टोल फ्री नंबर 1930 में कंप्लेन रजिस्टर्ड करवाएं।
रामानुजगंज एसडीओपी बाजीलाल सिंह ने कहा कि, किसी देश को यदि बर्बाद करना हो तो वहां के नागरिकों को नशे का आदि बना दो। इससे पूरा देश बर्बाद हो जाएगा। नशा अपराध का मूल जड़ है। जितने भी अपराध होते है ज्यादातर नशे में उठाए गए गलत कदम को लेकर ही होते है। फिर चाहे वो सड़क हादसा हो, एक दूसरे के बीच मारपीट हो, नशा पूरा जीवन बर्बाद कर देता है। आप सभी विद्यार्थियों को यही कहना चाहूंगा कि आप सभी नशे का हमेशा विरोध करें। यह पूरा जीवन बर्बाद कर देता है।
