हरियाणा में पेट्रोल और डीजल की सप्लाई चेन को बड़ा संकट सामने आया है। सप्लाई चेन में दिक्कत और लोगों के पैनिक होने से प्रदेश में कई पंप ड्राई हो रहे हैं। आलम यह है कि टंकियों में लोग पेट्रोल व डीजल भरवाने पहुंच रहे हैं। ज्यादा से ज्यादा स्टॉक लोग तेल का करना चाह रहे हैं। इसके कारण पंपों पर तेल जल्दी खत्म हो रहा है और दूसरी सप्लाई आने में समय लग रहा है। इतना ही नहीं एडवांस पेमेंट लेने के बाद भी पेट्रोल पंप संचालकों से दो-दो दिन का इंतजार तेल कंपनियां करवा रही हैं। इसके कारण पेट्रोल पंप संचालकों ने सरकारी विभागों को भी उधार तेल देना बंद कर दिया है। ऐसे में आने वाले समय तेल को लेकर और संकट गहरा सकता है। हालांकि प्रदेश के मुख्यमंत्री नायब सैनी का कहना है कि हरियाणा में पेट्रोल का 6 दिन और डीजल का लगभग 4 दिन का स्टॉक उपलब्ध है। सरकार बोली- तेल व गैंस के पर्याप्त भंडार मौजूद
मुख्यमंत्री ने बताया कि टर्मिनलों पर भी लगभग 7 दिन का पर्याप्त भंडार मौजूद है और सप्लाई चेन पूरी तरह सुचारु रूप से कार्य कर रही है। वहीं, घरेलू एलपीजी की स्थिति के बारे उन्होंने बताया कि हरियाणा में प्रतिदिन लगभग 2 लाख सिलेंडर प्राप्त हो रहे हैं और 1 लाख 90 हजार सिलेंडरों का वितरण किया जा रहा है। बॉटलिंग प्लांट्स पर लगभग 5 दिन का स्टॉक उपलब्ध है। प्रदेश में इस समय 1 लाख 73 हजार 38 कमर्शियल सिलेंडरों का स्टॉक उपलब्ध है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा एलपीजी से पीएनजी की ओर तेजी से आगे बढ़ा रहा है। आज तक 3 लाख 32 हजार कनेक्शन लगाए जा चुके हैं। पीएनजी नेटवर्क बढ़ाने के लिए डीम्ड परमिशन का प्रावधान कर दिया है। घरेलू कनेक्शन की संख्या आने वाले 3 माह में दोगूनी कर दी जाएगी। हिसार में पंप संचालकों ने डीसी को ज्ञापन सौंपा
हिसार जिले के पेट्रोल पंप संचालकों ने उपायुक्त को शिकायत देकर बताया कि ऑयल मार्केटिंग कंपनियां (OMC) समय पर ईंधन की आपूर्ति नहीं कर रही हैं। हालात ऐसे बन रहे हैं कि कई पेट्रोल पंप ड्राई आउट की स्थिति में पहुंच रहे हैं, जिससे आम जनता, किसान और परिवहन सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। प्रशासन से तुरंत हस्तक्षेप की मांग की गई है। पेट्रोल पंप संचालकों की संस्था ने पत्र में बताया कि वे कंपनियों को समय पर और अग्रिम भुगतान कर रहे हैं, इसके बावजूद पेट्रोल-डीजल की नियमित सप्लाई नहीं मिल रही। इस वजह से जिले के कई पंपों पर बार-बार ईंधन खत्म होने की स्थिति बन रही है। पंप संचालकों ने प्रशासन को चेताया और ये मांग की… इमरजेंसी सेवाओं पर भी खतरा : पेट्रोल पंप संचालकों ने चेतावनी दी है कि कई बार इतनी कमी हो जाती है कि एंबुलेंस, पुलिस और फायर ब्रिगेड जैसी आपातकालीन सेवाओं के लिए भी ईंधन उपलब्ध नहीं रह पाता। इसे उन्होंने बेहद गंभीर और चिंताजनक स्थिति बताया। डीलरों का कहना है कि प्रदेश में पेट्रोल-डीजल की कोई वास्तविक कमी नहीं है, लेकिन सप्लाई मैनेजमेंट में गड़बड़ी और अनियमितता के कारण यह समस्या खड़ी हो रही है। कई बार अधिकारियों से संपर्क करने के बावजूद स्थायी समाधान नहीं निकला। पेट्रोल पंप संचालकों की मांग : पेट्रोल पंप संचालकों ने प्रशासन से मांग की है कि प्रदेश में ईंधन आपूर्ति व्यवस्था को तुरंत दुरुस्त किया जाए। उन्होंने कहा कि ऑयल मार्केटिंग कंपनियों को सख्त निर्देश जारी किए जाएं ताकि पेट्रोल और डीजल की नियमित व पर्याप्त सप्लाई सुनिश्चित हो सके। इसके साथ ही एक प्रभावी मॉनिटरिंग सिस्टम बनाया जाए, जिससे हर पंप पर स्टॉक की स्थिति पर नजर रखी जा सके। डीलरों ने यह भी मांग की कि सप्लाई में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों और कंपनियों के खिलाफ कार्रवाई हो। उनका कहना है कि समय रहते कदम नहीं उठाए गए तो हालात और बिगड़ सकते हैं।
हरियाणा में पेट्रोल-डीजल सप्लाई पर संकट:एडवांस पेमेंट के बावजूद पंप हो रहे ड्राई, मुख्यमंत्री बोले-पेट्रोल व डीजल का पर्याप्त स्टॉक
