करनाल के इंद्री थाना क्षेत्र में नहर से लगातार गोवंश के कटे सिर मिलने के मामले ने तूल पकड़ लिया है। तीन दिन में तीन बार ऐसी घटनाएं सामने आने के बाद गोरक्षा दल में भारी आक्रोश है। पुलिस को 24 घंटे का अल्टीमेटम दिया गया था, लेकिन 4 दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस के हाथ अभी भी खाली है। वही अब पुलिस ने गोरक्षा दल से दो दिन का और समय मांगा है।
नवरात्रि के दौरान हुई इन घटनाओं को लेकर लोगों में रोष है और गोरक्षा दल ने चेतावनी दी है कि आरोपियों की गिरफ्तारी तक प्रदर्शन जारी रहेगा। वहीं गोरक्षा दल ने चेतावनी दी है कि दो दिन में अगर पुलिस आरोपियों को नहीं पकड़ पाई तो इंद्री में लाखों गोरक्षक एकत्रित होंगे और प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोलेंगे। बुधवार को धमनहेड़ी के पास मिला पहला मामला
घटनाक्रम की शुरुआत बुधवार को हुई, जब धमनहेड़ी गांव के पास नहर किनारे से गुजर रहे लोगों को 7 गोवंश के अवशेष दिखाई दिए। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और अवशेषों को बाहर निकलवाया गया। इसके बाद उन्हें उचानी स्थित पशुधन केंद्र में पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। ग्रामीणों के अनुसार मौके पर कटे हुए सिर पड़े थे, जबकि कुछ पैर नहर के अंदर एक ओर मिले। आसपास हड्डियों का ढांचा और पशुओं की खाल भी पड़ी हुई थी। फोरेंसिक टीम ने जांच की, नहीं मिला कोई हथियार
मामले की गंभीरता को देखते हुए फोरेंसिक टीम को मौके पर बुलाया गया। टीम ने खून के नमूने लिए और पूरे क्षेत्र का बारीकी से निरीक्षण किया। पुलिस ने आसपास के खेतों में भी तलाशी अभियान चलाया, लेकिन कोई हथियार या ठोस सुराग नहीं मिल सका। गुरुवार को फिर मिले 5-6 कटे सिर, हाईवे पर जाम
पहली घटना के अगले ही दिन गुरुवार को उसी नहर के पास फिर से 5-6 गोवंश के कटे हुए सिर मिलने से माहौल और गर्म हो गया। गोरक्षक मौके पर पहुंचे और विरोध जताते हुए कटे सिर अपने साथ लेकर इंद्री कोर्ट के सामने स्टेट हाईवे पर रख दिए। इसके बाद सड़क पर बैठकर जाम लगा दिया गया, जिससे वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ। शनिवार को धनौरा के पास तीसरी घटना
शनिवार को तीसरी बार धनौरा गांव के पास नहर में गोवंश के कटे हुए सिर मिले। सूचना पर थाना प्रभारी विपिन कुमार मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने बताया कि अवशेष काफी पुराने और गली-सड़ी हालत में हैं। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और जल्द आरोपियों तक पहुंचने का दावा किया जा रहा है। अल्टीमेटम खत्म, महापंचायत और प्रदर्शन
गोरक्षा दल ने पुलिस को रविवार सुबह 11 बजे तक का अल्टीमेटम दिया था। तय समय तक कोई गिरफ्तारी नहीं होने पर इंद्री में महापंचायत बुलाई गई और प्रशासन के साथ बैठक भी हुई। बैठक में प्रशासन की ओर से दो दिन का और समय मांगा गया। इस पर गोरक्षा दल के सेवादारों में गुस्सा फूट पड़ा और वे सड़कों पर उतर आए। उन्होंने प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन शुरू कर दिया। मोनू राणा बोले- भावनाएं आहत, बर्दाश्त नहीं करेंगे
गोरक्षा दल के प्रधान मोनू राणा ने कहा कि नवरात्रि के पावन दिनों में गोमाता के साथ ऐसा दुराचार हिंदू समाज की भावनाओं को आहत करने वाला है। उन्होंने साफ कहा कि यह घटना किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी और दोषियों की गिरफ्तारी तक आंदोलन जारी रहेगा। दो दिन का समय, नहीं पकड़े गए तो बड़ा आंदोलन
गोरक्षकों का कहना है कि लगातार तीन दिन तक नहर में गोवंश के सिर मिलना बेहद गंभीर मामला है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि दो दिन में आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया गया तो हजारों नहीं बल्कि लाखों की संख्या में गोसेवक इंद्री में एकत्रित होंगे और बड़ा आंदोलन किया जाएगा। मामले की जांच के लिए इंद्री थाना और सीआईए की टीमें लगी हुई हैं। हालांकि अब तक कोई ठोस सफलता हाथ नहीं लगी है। पुलिस का दावा है कि आरोपियों तक जल्द पहुंचा जाएगा।
करनाल नहर में गोवंशों के अवशेष मिलने का मामला:4 दिन बाद भी पुलिस के हाथ खाली, दो दिन का और मांगा पुलिस ने समय
