अगर आप राजधानी में घर, प्लॉट या कमर्शियल प्रॉपर्टी खरीदने की प्लानिंग बना रहे हैं, तो यह खबर सीधे आपके बजट पर असर डाल सकती है। भोपाल की 621 प्राइम लोकेशन्स पर प्रॉपर्टी की गाइडलाइन दरें बढ़ाने का प्रस्ताव आया है। इसका सीधा मतलब है कि रजिस्ट्री महंगी होगी। स्टांप ड्यूटी का खर्च भी बढ़ जाएगा। महंगाई के इस दौर में अपना घर खरीदने का सपना देखने वालों को अब पहले से ज्यादा रकम चुकानी पड़ सकती है। प्रस्ताव लागू होने पर कोलार रोड, अयोध्या बायपास, रायसेन रोड और भोपाल बायपास सहित कई प्राइम लोकेशन्स पर खरीद-फरोख्त महंगी हो जाएगी। हालांकि, गाइडलाइन बढ़ाने को लेकर जनप्रतिनिधियों ने नाराजगी जताई है। उनका कहना है कि पिछली बार ही कई लोकेशन के रेट बढ़े थे। ऐसे में इस बार प्रस्ताव नहीं लाया जाना चाहिए। अगर रेट बढ़के हैं तो इसका सीधा असर आम खरीदार की जेब पर पड़ेगा। भारी भरकम रकम चुकानी पड़ेगी। भोपाल जिला मूल्यांकन समिति ने 11 महीने में दूसरी बार गाइडलाइन बढ़ाने की तैयारी में है। इसके पहले 1 हजार 312 लोकेशन पर औसत 11% गाइडलाइन बढ़ाई थी। इनमें सुल्तानिया रोड, गांधीनगर, दानिश हिल्स, मैकेनिकल मार्केट, नयापुरा, जहांगीराबाद समेत अन्य इलाके शामिल हैं। मूल्यांकन समिति ने नई दरों पर चर्चा की दरअसल, शनिवार को कलेक्टोरेट के मीटिंग हॉल में कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह की अध्यक्षता में जिला स्तरीय मूल्यांकन समिति की बैठक हुई। जिला स्तरीय मूल्यांकन समिति की बैठक में वर्ष 2026-27 के लिए नई दरों पर चर्चा की गई। बैठक में वर्ष 2026-27 की प्रस्तावित गाइडलाइन दरों पर विस्तार से चर्चा की गई। मीटिंग में डेटा का विश्लेषण किया संपदा पोर्टल से मिले आंकड़ों को देखा और समझा गया। गांव और शहरों में स्वीकृत नई कॉलोनियों, औद्योगिक क्षेत्रों, तेजी से विकसित हो रहे इलाकों और व्यावसायिक क्षेत्रों की स्थिति की समीक्षा की गई। इसके आधार पर तय किया गया कि बाजार भाव के अनुसार किन जगहों की दरों में बदलाव जरूरी है। इस दौरान मीटिंग में बाजार मूल्य, नए विकसित क्षेत्र, राष्ट्रीय राजमार्ग और औद्योगिक क्षेत्रों के विस्तार को आधार बनाया गया। बैठक में समिति के सदस्य और विधायक भगवानदास सबनानी, जनपद पंचायत अध्यक्ष प्रमोद राजपूत भी मौजूद थे। भोपाल में 4 सब-रजिस्ट्रार ऑफिस जिले में जमीन और मकान से जुड़े दस्तावेजों का रजिस्ट्रेशन उप पंजीयक कार्यालयों में होता है। लोगों की सुविधा के लिए भोपाल शहर में चार उप पंजीयक कार्यालय काम कर रहे हैं। रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया को आसान और पारदर्शी बनाने के लिए संपदा 2.0 का नया ऑनलाइन सिस्टम लागू किया गया है। इस सिस्टम में रजिस्ट्रेशन से पहले संपत्ति का वास्तविक स्थल निरीक्षण किया जाता है। जियो-टैगिंग के जरिए फोटो अपलोड की जाती है। इससे संपत्ति की सही लोकेशन और जानकारी की पुष्टि हो सके और प्रक्रिया अधिक पारदर्शी बने। पिछले साल के आंकड़ों की भी समीक्षा वर्ष 2025-26 के रजिस्ट्रेशन डेटा का भी विश्लेषण किया गया। इसमें सामने आया कि अधिक कीमत पर हुए सौदों के कारण 1307 लोकेशनों पर दरें बढ़ाने के सुझाव मिले थे। समीक्षा के दौरान एक ही वार्ड की अलग-अलग कॉलोनियों में दरों के बड़े अंतर को देखते हुए 203 लोकेशन चिन्हित की गईं। इसके अलावा पंजीयन अधिकारियों के सर्वे के आधार पर 91 लोकेशन और नए विकास कार्यों (चेंज डिटेक्शन) के कारण 37 लोकेशन पर दर बढ़ाने का प्रस्ताव रखा गया। इन कारणों से बढ़ सकती हैं गाइडलाइन दरें टीएंडसीपी से स्वीकृत नई कॉलोनियों और आम जनता की सुविधाओं के कारण 38 लोकेशन प्रभावित हुईं। नए राष्ट्रीय राजमार्ग, बायपास और रिंग रोड बनने से 18 लोकेशन पर असर पड़ा। वहीं नए औद्योगिक और विशेष आर्थिक क्षेत्रों की स्थापना से 3 लोकेशन प्रभावित पाई गईं। इस तरह जिले की कुल 621 लोकेशनों पर दर वृद्धि का प्रस्ताव है। इनमें कोलार रोड, अयोध्या बायपास, रायसेन रोड, भोपाल बायपास और कई पॉश इलाके शामिल हैं, जहां प्रॉपर्टी खरीदना महंगा हो सकता है। प्रस्ताव पोर्टल पर अपलोड होंगे प्रारंभिक प्रस्ताव संपदा 2.0 पोर्टल पर अपलोड किए जाएंगे। वरिष्ठ जिला पंजीयक और जिला मूल्यांकन समिति ने निर्देश दिए हैं कि पोर्टल पर सभी जानकारी बिना गलती के दर्ज की जाए। आम नागरिक भी संपदा 2.0 पोर्टल के माध्यम से इन प्रस्तावों पर अपने सुझाव दे सकेंगे। सुझाव मिलने के बाद अंतिम निर्णय लिया जाएगा। 11 महीने पहले इन इलाकों में प्रॉपर्टी की कीमतें बढ़ गई थी कई इलाकों में गाइडलाइन ज्यादा बढ़ी राज्य सरकार ने औसत 11 प्रतिशत गाइडलाइन बढ़ाई थी, लेकिन शहरी इलाकों में बावड़िया और ग्रामीण इलाकों में रातीबड़-नीलबड़ जैसे 167 उन जगहों पर 50% से ज्यादा वृद्धि की गई। जहां प्रॉपर्टी की खरीद बिक्री ज्यादा है। भोपाल जिले की 3883 में से 1312 लोकेशन पर दाम बढ़ाए गए थे। 1601 लोकेशन पर कोई बदलाव नहीं किया गया था। …………………………….. यह खबर भी पढ़ें.. भोपाल में 1312 लोकेशन पर औसत 11% बढ़ी गाइडलाइन; एक दिन में रिकॉर्ड 1560 रजिस्ट्री राजधानी भोपाल में 11 महीने पहले यानी 1 अप्रैल से प्रॉपर्टी खरीदना महंगा हो गया था। कुल 1312 लोकेशन पर कलेक्टर गाइडलाइन औसत 11 प्रतिशत तक बढ़ गई है। यानी, अब प्रॉपर्टी की रजिस्ट्री कराने पर लोगों को ज्यादा राशि चुकाना पड़ेगी। पढ़ें पूरी खबर…
घर खरीदना महंगा, 621 लोकेशन पर बढ़ेंगे रेट:रजिस्ट्री-स्टांप ड्यूटी खर्च बढ़ेगा; कोलार, अयोध्या बायपास समेत कई प्राइम लोकेशन पर असर
