प्रयागराज ट्रिपल मर्डर में पुलिस ने बॉयफ्रेंड समेत 5 लोगों को गिरफ्तार कर लिया। इनमें मुख्य आरोपी हिमांशु यादव (19) के अलावा उसका भाई, उसके 2 दोस्त और ग्राम प्रधान शामिल हैं। पुलिस पूछताछ में बॉयफ्रेंड हिमांशु ने बताया- मैं अपनी गर्लफ्रेंड से मिलने 13 जून को राजापुर गांव गया था। यहां हम दोनों मिले। गर्लफ्रेंड ने मुझसे कहा कि मैं तुम्हारे बिना जी नहीं पाऊंगी। जब तक मेरा ताऊ श्यामलाल जिंदा है, हम दोनों का रिश्ता नहीं हो पाएगा। उसे रास्ते से हटा दो। इसके बाद मैंने श्यामलाल को मारने का प्लान बनाया। इसमें मैंने अपने 2 दोस्तों निहाल गौतम और राजन यादव शामिल किया। मैं सिर्फ श्यामलाल को मारने गया था। लेकिन, चाचियों अमरावती और इंद्रावती ने हम लोगों को देख लिया। इसलिए उन दोनों को भी मारना पड़ा। वहीं, पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में तीनों की मौत की वजह हेमोरेजिक शॉक आया है। श्यामलाल के सिर की 5 हडि्डयां टूटी मिलीं। तीन दिन पहले गर्लफ्रेंड से मिलने गया था हिमांशु मेजा थाना क्षेत्र के कुकुरकटवा गांव का रहने वाला है। पुलिस पूछताछ में हिमांशु ने बताया- मेरी गर्लफ्रेंड 4 महीने से अपने मामा के घर राजापुर गांव में थी। हमारी फोन से बात होती रहती थी। एक दिन उसने मुझसे मिलने को कहा। मैं 13 जून को उससे मिलने पहुंचा। हम दोनों गांव के बाहर मिले। मेरी गर्लफ्रेंड ने कहा कि अगर हम लोगों को शादी करनी है, तो ताऊ को रास्ते से हटाना होगा। जब तक ताऊ श्यामलाल हैं, वह शादी नहीं होने देंगे। वह हर बार विरोध करेंगे। इसलिए तुम उनको मार डालो। इसके बाद ही हमारा रास्ता साफ हो सकेगा। इसके बाद हिमांशु ने गांव के रहने वाले अपने दोस्तों से प्लान शेयर किया। बोला- सिर्फ श्यामलाल को मारने गया था हिमांशु ने बताया- 15 जून (सोमवार) की रात करीब 2:30 बजे मैं अपने दोनों दोस्तों निहाल गौतम और राजन यादव के साथ गांव पहुंचा। हाथ में लाठी-डंडे लिए। मैं घर के बाहर चारपाई पर सो रहे श्यामलाल के पास पहुंचा। मैंने उसके सिर पर ताबड़तोड़ वार करने शुरू कर दिए। हमले के दौरान श्यामलाल की चीख निकल गई। आवाज सुनकर पास में सो रहीं चाची अमरावती जाग गईं। वह शोर मचाते हुए भागने लगीं। हम लोगों की पहचान न हो, इसलिए मैंने उनके पीछे से सिर में डंडे से वार कर दिया। एक ही वार में अमरावती लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़ीं। जब हम लोग वहां से भाग रहे थे, तभी अचानक से सामने चाची इंद्रावती आ गईं। उसकी भी हम लोगों ने लाठियों से पीट-पीटकर हत्या कर दी। मुझे नहीं पता था कि दोनों चाचियों की मौत हो जाएगी। मैं तो सिर्फ श्यामलाल की हत्या करने गया था। DCP बोले- आरोपी की बातों पर यकीन नहीं डीसीपी यमुनानगर विवेक चंद्र यादव ने बताया- पूछताछ में आरोपी ने कई बातें बताई हैं, लेकिन उनकी पुष्टि होना बाकी है। पुलिस सर्विलांस और तकनीकी जांच के जरिए उसके बयानों का सत्यापन कर रही है। मोबाइल की सीडीआर, लोकेशन और अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों का विश्लेषण किया जा रहा है। जांच पूरी होने के बाद ही लड़की (प्रेमिका) की भूमिका साफ हो सकेगी। उधर, तीनों शवों का 16 जून को 2 डॉक्टरों के पैनल ने पोस्टमॉर्टम किया। वीडियोग्राफी भी कराई गई। रिपोर्ट के अनुसार, श्यामलाल के सिर की 5 हडि्डयां टूटी हैं। अमरावती और इंद्रावती के सिर पर एक-एक गहरी चोट पाई गई। पोस्टमॉर्टम के बाद रात करीब 8 बजे तीनों शव घर पहुंचे। इस दौरान मेजा, मांडा, कोरांव, करछना थानों की पुलिस फोर्स मौके पर मौजूद रही। बुधवार सुबह तीनों शवों का अंतिम संस्कार किया जाएगा। आरोपी दरोगा की पिस्टल छीनकर भागा, पैर में लगी गोली डीसीपी यमुनानगर विवेक चंद्र यादव ने बताया- हिमांशु यादव की गिरफ्तारी के बाद पुलिस उसे रात में आला कत्ल बरामद करने के लिए लेकर परानीपुर गांव पहुंची। यहां पुलिस की गाड़ी से उतरने के दौरान हिमांशु यादव ने एक दरोगा से पिस्टल छीन ली। पिस्टल दिखाते हुए वह भागने लगा। पुलिस ने पीछा किया, तो उसने फायर झोंक दिया। इसमें पुलिसकर्मी बाल-बाल बचे। पुलिस की जवाबी फायरिंग में हिमांशु यादव के बाएं पैर में गोली लगी। इससे वह घायल हो गया। पुलिस ने उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया है। अब पूरा मामला पढ़िए- कुकुरकटवा गांव के रहने वाले श्यामलाल गुप्ता उर्फ कल्लू (65) घर में ही छोटी-सी किराने की दुकान चलाते थे। वह 5 भाइयों में सबसे बड़े थे। उनके दो भाइयों दूधनाथ और धनीराम की बीमारी के चलते मौत हो चुकी है। उनके भाई नींबू लाल और बेटा बेंगलुरु में गोलगप्पे बेचते हैं, जबकि राम निरंजन राजस्थान में मजदूरी करते हैं। श्यामलाल की कोई संतान नहीं थी। वह अपनी पत्नी सरस्वती के साथ गांव में रहते थे। दूधनाथ की पत्नी इंद्रावती (55) और नींबू लाल की पत्नी अमरावती (58) भी यहीं रहती थीं। धनीराम की पत्नी अपनी 2 बेटियों प्रिया उर्फ नेहा (19) और शिवानी (8) के साथ रहती थीं। 16 जून (मंगलवार) की सुबह करीब 5 बजे श्यामलाल और उनके दो भाइयों की पत्नियां अमरावती व इंद्रावती के शव घर के बाहर पड़े मिले। सभी के शव खून से लथपथ थे। गांववालों ने पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस, डॉग स्क्वॉयड और एसओजी की टीम मौके पर पहुंची। ट्रैकर डॉग करीब 200 मीटर दूर एक संदिग्ध के घर तक पहुंचकर रुक गया। फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल से फिंगर प्रिंट समेत अन्य साक्ष्य जुटाए। मंगलवार शाम को पुलिस ने मुख्य आरोपी हिमांशु समेत 5 लोगों को गिरफ्तार कर लिया। लापरवाही पर चौकी में तैनात दरोगा सस्पेंड घरवालों का आरोप है कि फरवरी में घर की बेटी हिमांशु के साथ घर से भाग गई थी। उन लोगों की ओर से लगातार धमकियां दी जा रही थीं। इसे लेकर परिवार ने चौकी में शिकायत देने के साथ आईजीआरएस पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज कराई थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। आरोप है कि चौकी पर तैनात दरोगा रामविलास सिंह ने जांच रिपोर्ट में लिख दिया था कि आवेदक से संपर्क नहीं हो पा रहा। मामले में लापरवाही सामने आने पर दरोगा रामविलास सिंह को सस्पेंड कर दिया गया। ————————– ये खबर भी पढ़ें… राम मंदिर का करोड़पति कर्मचारी टिन्नू यादव सामने आया, बोला- ऑटो चलवाकर कमाए रुपए अयोध्या राम मंदिर में चढ़ावा चोरी के मामले में मंगलवार को मंदिर ट्रस्ट के करोड़पति कर्मचारी रामशंकर यादव उर्फ टिन्नू ने वीडियो जारी कर सफाई दी। टिन्नू ने कहा- जिस जमीन की कीमत 50 करोड़ बताई जा रही है, उसे मैंने साल 2008 में खरीदी थी। मैंने ऑटो चलाकर कमाई की है। चढ़ावे की गिनती से मेरा कोई लेना-देना नहीं है। पढ़ें पूरी खबर
गर्लफ्रेंड बोली थी- ताऊ को मार दो, तभी शादी होगी:प्रयागराज ट्रिपल मर्डर का आरोपी बोला- 3 दिन पहले प्रेमिका ने बुलाकर प्लान बनाया
