8 राज्यों के 16 शहरों में पारा 46°C के पार:यूपी के बांदा में 48°C, लगातार चौथे दिन सबसे गर्म; MP-महाराष्ट्र में भी पारा 47°C पहुंचा

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देश में तेज गर्मी और हीटवेव का दौर जारी है। मौसम विभाग के मुताबिक पाकिस्तान के बलूचिस्तान और थार मरुस्थल से आ रही सूखी और गर्म हवाएं सीधे उत्तर भारत के मैदानी इलाकों में पहुंच रही हैं। इससे मई के आखिरी हफ्ते या जून वाली गर्मी अभी से महसूस हो रही है। बुधवार को उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, राजस्थान, हरियाणा, दिल्ली, पंजाब, ओडिशा और महाराष्ट्र के 16 शहरों में तापमान 46°C से ज्यादा रहा। देश में सबसे गर्म उत्तर प्रदेश का बांदा रहा। यहां पारा 48°C दर्ज किया गया। वहीं मध्य प्रदेश के खजुराहो में तापमान 47.4°C और महाराष्ट्र के वर्धा में 47.1°C रहा। दिल्ली में पारा 46.3°C तक पहुंच गया। उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में अचानक एक ट्रांसफॉर्मर में आग लग गई। लखनऊ चिड़ियाघर में पानी डालकर जानवरों को ठंडक पहुंचाई गई। इटावा सफारी में ब्रीडिंग सेंटर में शेरनी और शावकों के लिए एसी चलाए जा रहे हैं। हरियाणा सरकार ने 25 मई से 30 जून तक स्कूलों में गर्मी की छुट्टियों की घोषणा की। आमतौर पर हरियाणा में ज्यादातर स्कूल 1 जून से 30 जून के बीच गर्मी की छुट्टियों के लिए बंद रहते हैं। शहरों में फील टेंपरेचर 4°C तक अधिक वास्तविक तापमान और फील टेंपरेचर में हर शहर में औसत 2°C से 4°C तक का अंतर है। क्लाइमेट एक्सपर्ट के मुताबिक, मौसम विभाग जो तापमान बताता है, लोगों को उससे कहीं ज्यादा गर्मी महसूस हो रही है। इसका सबसे बड़ा कारण तेजी से होता शहरीकरण है। देशभर में मौसम की तस्वीरें… केदारनाथ में भूस्खलन, 10 हजार से ज्यादा यात्री सुरक्षित निकाले गए मंगलवार देर रात केदारनाथ यात्रा के सोनप्रयाग-गौरीकुंड मुख्य मार्ग पर मुनकटिया स्थान के पास भारी बारिश के कारण अचानक स्लाइडिंग होने से यात्रा मार्ग अचानक बाधित हो गया। पहाड़ियों से लगातार मलबा और पत्थर गिरने के कारण क्षेत्र में खतरे की स्थिति बनी रही। इस हादसे के बाद बड़ी संख्या में यात्री मार्ग के दोनों ओर फंस गए थे। हालांकि यहां फंसे लगभग 10,450 यात्रियों को राहत और बचाव टीम ने बुधवार को रेस्क्यू कर लिया है और उन्हें सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाया गया। सूचना मिलते ही प्रशासन, पुलिस, एसडीआरएफ, एनडीआरएफ और डीडीआरएफ की टीमें मौके पर पहुंचीं और रातभर रेस्क्यू अभियान चलाया। फिलहाल मार्ग से मलबा हटाने का काम जारी है। मानसून की दक्षिण अरब सागर में एंट्री भारत को भिगोने वाले दक्षिणी-पश्चिमी मानसून ने मंगलवार को कोमरिन सागर, श्रीलंका, बंगाल की खाड़ी के दक्षिण-पश्चिमी भाग के कुछ और हिस्सों को कवर कर लिया। यह दक्षिण अरब सागर में प्रवेश कर गया। 2-3 दिन में लक्षद्वीप समूह के मिनिकॉय द्वीप पहुंचने की संभावना है। अगले दो दिन के मौसम का हाल 22 मई: 23 मई: