फरीदाबाद में एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) ने कार्रवाही करते हुए साल 2025 में दर्ज किए गए 7 करोड़ रूपए के फर्जीवाड़ा केस में नगर निगम के इंस्पेक्टर नवीन रतरा को गिरफ्तार कर लिया है। निगम में बिना काम के 200 करोड़ रूपए के भुगतान करने का घोटाला हुआ था और 7 करोड़ का फर्जीवाड़ा इसी का हिस्सा था। जिसमें इंस्पेक्टर को गिरफ्तार किया गया है। अब इस मामले से जुड़े दूसरे लोगों के गिरफ्तार होने की संभावना बढ़ गई है। एसीबी से मिली जानकारी के अनुसार, फरीदाबाद नगर निगम की तरफ से साल 2018 में विकास कार्यों के लिए 8 वर्क ऑर्डर निकाले गए थे। जिनकी राशि करीब 40 लाख रुपए निधार्रित की गई थी। बाद में ठेकेदार सतबीर के साथ मिलीभगत करके अधिकारियों और कर्मचारियों ने इन वर्क ऑर्डर में बदलाव कर दिया। इन्होनें वर्क ऑर्डर की राशि को रिवाइज कर 40 लाख रुपए से बढ़ाकर 7 करोड़ रुपए से ज्यादा कर दी थी। कोर्ट से नहीं मिली राहत जिसके बाद अगस्त 2025 में, मामले को लेकर एसीबी की ओर से केस दर्ज किया। केस दर्ज होने के बाद तत्कालीन क्लर्क व मौजूदा इंस्पेक्ट नवीन रतरा समेत अन्य आरोपियों ने कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। इन्हें कोर्ट से राहत नहीं मिली। इसके बाद एसीबी की टीम ने नवीन रतरा को गिरफ्तार कर लिया। इन वर्क आर्डर की राशि बढ़ाई गई एसीबी की तरफ से जानकारी दी गई है कि आरोपी निगम के कई भ्रष्टाचार के मामलों में शामिल रहा है। उसका नाम पांच एफआईआर में दर्ज है। ये पांच एफआईआर साल 2022, 2023 व 2025 में दर्ज की गई हैं। आरोपी ने एसीबी की जांच कबूल किया है कि बल्लभगढ़ इलाके के कई विकास कार्यों को लेकर साल 2018 में जारी वर्क ऑर्डर की राशि बढ़ाई गई। वर्क ऑर्डर 1433 के तहत वार्ड नंबर-38 में इंटरलॉकिंग टाइल्स लगाने का कार्य जो 4.92 लाख से होना था, इसकी राशि बढ़ाकर 93,82,362 रुपए की गई। वर्क ऑर्डर 1442 के तहत मोहना रोड पर यादव डेयरी से साई अस्पताल तक वार्ड नंबर-36 में इंटरलॉकिंग टाइल लगनी थी। इसके 5.83 लाख रुपए के वर्क ऑर्डर को बढ़ाकर 98,95,837 रुपए किया गया। जल्द हो सकती है दूसरी गिरफ्तारियां एसीबी के अधिकारियों ने बताया कि नवीन रतरा की गिरफ्तारी के बाद इस केस में शामिल दूसरे आरोपियों की गिरफ्तारी जल्द हो सकती है। बिना काम भुगतान मामले में नगर निगम में करीब 200 करोड़ रुपये का घोटाला सामने आया था। इसमें एंटी करप्शन ब्यूरो ने कई एफआईआर दर्ज की थी। दूसरे मामलों में जांच जारी है।
फरीदाबाद में 7 करोड़ के फर्जीवाड़े में निगम इंस्पेक्टर गिरफ्तार:वर्क ऑर्डर राशि 40 लाख से बढ़ाकर सात करोड़ की; ठेकेदार के साथ मिलकर किया बदलाव
