श्रीमहंत रविंद्रपुरी ने मां मनसा देवी की चुनरी ओढ़ाकर और मनसा देवी की मूर्ति भेंटकर स्वामी बाल कुम्भ मुनि को आशीर्वाद दिया और कहा कि विदेशों में भी सनातन धर्म की संस्कृति की पताका फहरा रहे स्वामी बाल कुम्भ मुनि विद्वान संत हैं। जल्द ही उन्हें निरंजनी अखाड़े के महामंडलेश्वर की पदवी प्रदान की जाएगी। उन्हे पूरा विश्वास है कि स्वामी बाल कुम्भ मुनि अखाड़ा और संत परंपराओं का पालन करते हुए समाज में धर्म और अध्यात्म का प्रचार करने के साथ अखाड़े की प्रगति में भी योगदान देंगे। निरंजनी अखाड़े के सचिव श्रीमहंत रामरतन गिरी, भारत माता मंदिर के महंत महामंडलेश्वर स्वामी ललितानंद गिरी, महंत दर्शन भारती, महंत राज गिरी ने भी स्वामी बाल कुम्भ मुनि को आशीर्वाद दिया और कहा कि स्वामी बाल कुम्भ मुनि जापान में सनातन धर्म संस्कृति और अध्यात्म के प्रचार प्रसार में योगदान देंगे।
जापान के स्वामी बाल कुम्भ मुनि बनेंगे निरंजनी अखाड़े के महामंडलेश्वर
