’21 लाख रुपए के लालच में मुझ पर हमला किया और कराया गया। मुझे कोर्ट तक पहुंचने और सुबूत देने से रोकने के लिए यह साजिश रची गई।’ यह दावा जगद्गुरु रामभद्राचार्य के शिष्य आशुतोष महाराज ने किया। आशुतोष रविवार को रीवा एक्सप्रेस ट्रेन से प्रयागराज आ रहे थे। सुबह करीब 5 बजे कौशांबी में सिराथू रेलवे स्टेशन के पास चलती ट्रेन में उन पर जानलेवा हमला हुआ। हमलावर ने उनके नाक, चेहरे और हाथ पर वार किए। उन्हें घायल अवस्था में प्रयागराज के कॉल्विन हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। मेडिकल टेस्ट के बाद वह सर्किट हाउस पहुंचे। यहां ‘दैनिक भास्कर’ से आशुतोष महाराज ने खास बातचीत की। उन्होंने कहा, शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद सपा का गुरु है। जितना वह लिखकर देते हैं, उतना ही बोलते हैं। गिरफ्तारी वह पैदल यात्रा कर रहा है। लखनऊ पहुंचते ही भाग जाएगा। आशुतोष महाराज ने यह भी दावा किया कि हमले के बाद उन्हें पर्याप्त मदद नहीं मिली। उन्होंने शंकराचार्य पर बटुकों से यौन उत्पीड़न की FIR कराई थी। पढ़िए आशुतोष ने और क्या-क्या कहा… सवाल: आप पर जो हमला हुआ, इसके क्या मायने हैं?
जवाब: जिसने मुझ पर हमला किया है, वह व्यक्ति 21 लाख के चक्कर में अविमुक्तेश्वरानंद के कहने पर आया था। इन लोगों ने मेरी नाक काटने की योजना पहले बनाई थी। सोचा होगा इसकी नाक काट दो। न रहेगी बांस न बजेगी बांसुरी। जब मैं ही नहीं रहूंगा तो कोर्ट में क्या साक्ष्य जाएगा। इनका प्लान जो था, वह कामयाब नहीं हुआ। भगवान ने मुझे जीवन दिया है। दरअसल, 24 फरवरी को श्रीकृष्ण जन्मभूमि संघर्ष न्यास के अध्यक्ष फलाहारी महाराज ने कहा था कि आशुतोष ब्रह्मचारी की नाक काटने वाले सनातनी को 21 लाख का इनाम मिलेगा। उन्हें जूतों की माला पहनानी चाहिए। सवाल: हमले के दौरान आपने खुद को कैसे बचाया?
जवाब: प्रभु ने मुझे बचा लिया है। वरना ये लोग मुझे मार देते। भगवान जब तक चाहेगा मैं जिंदा रहूंगा। साफ बात है कि इनकी कहानी खत्म हो चुकी है। यह तरह-तरह के झूठ बोल रहे हैं। इनको तो कुछ ना कुछ कहना ही है। सवाल: आपने अनहोनी आशंका पहले ही जताई थी, क्या पहले से मालूम था कि हमला हो सकता है?
जवाब: मैंने ऐसे नहीं कहा। देखो आशंका सबको रहती है, खतरा सबको रहता है। मैं हमेशा प्रशासन को पत्र लिखकर यात्रा करता हूं। मैंने प्रशासन को लिखा था कि मैं इस तारीख से इस तारीख तक प्रयागराज जाऊंगा। कहीं न कहीं से इनको भनक लगी होगी और हमला करवा दिया। सवाल: आप इतने विश्वास से कैसे कह सकते हैं कि अविमुक्तेश्वरानंद ने ही हमला कराया है?
जवाब: हमला करने वाला कोई तीसरा व्यक्ति है, कैसे मान लूं? जो व्यक्ति 21 लाख की घोषणा करवा रहा है। पैसे के चक्कर में तो कोई भी हमला कर देगा। आजकल सबको पैसा चाहिए। ये भी तो पैसे के चक्कर में घूम रहे हैं। चंदा मिल रहा होगा। इनका तो काम ही यही है। सवाल: शंकराचार्य दावा कर रहे हैं कि आपने खुद ही अपने ऊपर हमला करवाया है?
जवाब: उनके कहने से कुछ भी नहीं हो सकता। वह तो कुछ भी कह सकते हैं। क्योंकि उन्हें यह नहीं पता कि वह क्या कह रहे हैं। समाजवादी पार्टी के प्रवक्ता जो लिखकर दे देते हैं, वही वह बोलते हैं। क्योंकि फंडिंग ले रखी है। अखिलेश यादव इनका चेला है। उनके कहने पर यह कह रहे हैं। चुनाव जो नजदीक आ रहा है। अगर वह इतने बड़े धर्मात्मा हैं तो क्यों भागे। क्यों आपने बनारस छोड़ा? कोर्ट ने कहा था कि जांच में पूरा सहयोग करें। आप लखनऊ के बहाने भागना चाह रहे हो। दिल्ली भागोगे? सवाल: हमलावर ने आपसे कुछ कहा, उसने हमला क्यों किया?
जवाब: हां, हमलावर कह रहा था कि तुम्हारी नाक की काटकर अपने गुरु की चरणों में चढ़ाऊंगा। अपने अविमुक्तेश्वरानंद के चरणों में…। बोल रहा था कि उसने कसम खाई है। हमलावर अविमुक्तेश्वरानंद को अपना को गुरू कह रहा था। सवाल: अभी तक जो कार्रवाई हुई है, उससे आप कितना संतुष्ट हैं?
जवाब: पुलिस क्या कर रही है, मुझे पता ही नहीं है। पुलिस ने मुझे इधर-उधर घुमाया। अस्पताल ले गए। मेरी तो तबीयत खराब हो रही थी, कोई पूछने तक नहीं आया। मैं डॉक्टर को फोन कर रहा हूं। जीआरपी वाले फोन नहीं उठाते। मुझे किसी तरह से मदद नहीं मिली है। किसी प्रकार की कोई सुविधा नहीं दी गई है। सवाल: आपने कहा है, जितना मेरा खून बहा है, उतना वह खून बहा लें तो मैं केस वापस ले लूंगा?
जवाब: हां-हां मैंने कहा है। जितना मेरा खून बहा है। अविमुक्तेश्वरानंद उसका आधा भी बहा लेंगे तो मैं केस यह वाला जो आज किया है, उसको वापस ले लूंगा। मुझे दिख रहा है किसने हमला कराया है। मैं नामजद करूंगा। सवाल: यौन उत्पीड़न वाले केस में अगर कोर्ट का फैसला आपके पक्ष में नहीं आता है तो अगला कदम क्या होगा?
जवाब- मैं सुप्रीम कोर्ट जाऊंगा। सुप्रीम कोर्ट में नहीं सुनवाई हुई तो राष्ट्रपति महोदय के यहां जाऊंगा। मैं तो अंतिम दम तक लडूंगा। सवाल: आप पर चलती ट्रेन में हमला हुआ, लग रहा है कि आप लड़ पाएंगे?
जवाब: मैं अंतिम सांस तक लडूंगा। कानून सबके लिए बराबर होना चाहिए। एक आम आदमी होता तो वह पॉक्सो एक्ट में जेल में होता। आज एक वैराग्य संत समाजवादी का गुरु यौन शोषण कर रहा है तो खुला घूम रहा है। उसको स्टे मिल जाता है। यही किसी आम आदमी पर लगता तो बेचारा बाहर भी ना आता। सवाल: आपने यह भी कहा था कि यात्रा के बहाने शंकराचार्य भाग जाएंगे?
जवाब: हां, उनका भगाने का प्लान है। लखनऊ एयरपोर्ट से न भाग जाएं तो कहना आप। 100% बाहर कहीं भागेंगे। इनको दिख रहा कि वापस आ गए तो कोर्ट इन्हें नहीं छोड़ेगा, क्योंकि एविडेंस तगड़े-तगड़े हमारे पास हैं। ये बस भागने के चक्कर में हैं। शंकराचार्य बोले- आरोप फर्जी, यात्रा से ध्यान भटकाने की कोशिश शंकराचार्य को लेकर जारी विवाद का ताजा मामला विस्तार से पढ़िए ………………… ये खबर भी पढ़िए- शंकराचार्य पर FIR कराने वाले आशुतोष महाराज पर हमला:चलती ट्रेन में चाकू मारे, नाक काटने की कोशिश; बोले- खून का बदला लेंगे शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद पर बटुकों से यौन उत्पीड़न की FIR कराने वाले आशुतोष महाराज पर रविवार को चलती ट्रेन में जानलेवा हमला हुआ। आशुतोष महाराज ने बताया- मैं रीवा एक्सप्रेस ट्रेन से गाजियाबाद से प्रयागराज जा रहा था। फर्स्ट AC कोच में बैठा था। रास्ते में सिराथू रेलवे स्टेशन के पास सुबह करीब 5 बजे टॉयलेट के लिए उठा। बाहर गेट पर एक आदमी खड़ा था। आगे बढ़ा तो उसने पीछे से हमला कर दिया। धारदार हथियार से उसने मेरी नाक काटने की कोशिश की। चेहरे और हाथ पर कई वार किए। गंभीर चोटें आईं। काफी खून बहा। पढ़ें पूरी खबर
आशुतोष महाराज बोले-21 लाख के लिए मुझ पर हमला हुआ:शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद सपा का गुरू; मेरे पास उसके खिलाफ तगड़े सुबूत
