महेंद्रगढ़ जिले में एक दर्दनाक हादसे में नौवीं कक्षा की छात्रा की मौत हो गई। छात्रा ने घर में रखे कीटनाशक पदार्थ को खांसी की दवा समझकर गलती से पी लिया। पुलिस ने शव का पोस्टमॉर्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया है। घटना के बाद छात्रा की तबीयत अचानक बिगड़ गई। परिजनों ने उसे तुरंत महेंद्रगढ़ के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। पुलिस ने मामले की रिपोर्ट दर्ज कर जांच पूरी कर ली है। गांव बसई निवासी 32 वर्षीय सचिन कुमार ने पुलिस को दिए बयान में बताया कि वह अपने ननिहाल में रहता है। उसके नाना रोहतास राजस्थान में पटवारी थे और अपने बच्चों के साथ बीकानेर में रहते थे। रोहतास की पत्नी का निधन लगभग 8-10 वर्ष पहले हो गया था, जबकि रोहतास की मृत्यु वर्ष 2022 में हुई। रोहतास के छह बच्चे हैं। इनमें चार बेटियां रचना, पूनम, निहारिका और एक अन्य, जबकि दो बेटे अनुराग और चिराग हैं। सचिन ने बताया कि अनुराग और चिराग के वर्तमान ठिकाने और स्थिति के बारे में उसे कोई जानकारी नहीं है। 2022 से सचिन के पास रह रही थी आरुषि रोहतास की मृत्यु के बाद उसकी पोती आरुषि वर्ष 2022 से सचिन के पास रह रही थी। सचिन उसकी परवरिश और पढ़ाई-लिखाई की जिम्मेदारी संभाल रहा था। आरुषि नौवीं कक्षा की छात्रा थी। हादसे को लेकर नहीं जताया कोई शक सचिन कुमार ने अपने बयान में स्पष्ट किया कि यह घटना पूरी तरह से दुर्घटनावश हुई है। आरुषि ने गलती से घर में रखे कीटनाशक पदार्थ को खांसी की दवा समझकर पी लिया था। उन्होंने कहा कि उन्हें इस मामले में किसी पर किसी प्रकार का शक नहीं है। पुलिस ने पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया है।
महेंद्रगढ़ में 9वीं कक्षा की छात्रा की मौत:परिजन बोले- खांसी की दवा समझकर कीटनाशक पी; ननिहाल में रह रही थी
